–प्रभात पांडेय जी के किस्से
तब हम बैटरी चार्ज करा के ‘ब्लैक & व्हाइट’ टीवी पर क्रिकेट देखा करते थे, बैटरी कम चार्ज होता तो शुरू में सहवाग का बल्लेबाजी देखने के बाद टीवी बंद कर दिया जाता और रेडियो पर कमेंट्री सुना जाता की जब युवराज सिंह बैटिंग पर आएगा तो टीवी फिर ऑन होगा!
आखिरकार भारतीय क्रिकेट के युवराज का कैरियर ख़तम हो गया, जिसके शानदार समापन के लिए युवराज पिछले कुछ सालों से मेहनत कर रहे थे, लेकिन उन्ही के रिटायरमेंट के शब्दों में कि-“इंसान को सबकुछ नहीं मिलता“!
जाहिर सी बात है कि वो खुश नहीं हैं, जिस तरह से उनको अपने क्रिकेट कैरियर से रिटायरमेंट लेना पड़ा।
साल 2011 के शानदार वर्ल्ड कप और उसके बाद कैंसर से जिंदगी की जंग लड़ के जितने के बाद युवराज ने भरपूर कोशिश की , लेकिन वो पहले की तरह युवराज नहीं बन पा रहे थे! लेकिन फिर भी उनके अंदर एक उम्मीद थी कि मै अपना कैरियर अच्छा से फिनिश करूंगा ,लेकिन वैसा संयोग नहीं बन पा रहा था!
युवराज के नाम से मुझे अपना बचपन याद आता है! उस समय जब इतनी बिजली नहीं थी, और हमलोग बैटरी चार्ज करा के ब्लैक एंड व्हाइट टीवी पर मैच देखा करते! मेरे अलावा गांव के सभी लोगों को सहवाग और युवराज की बल्लेबाजी देखने की जबरदस्त उत्साह होती! जब बैटरी कम चार्ज होता तो शुरू में सहवाग का बल्लेबाजी देखने के बाद टीवी बंद कर दिया जाता और रेडियो पर कमेंट्री सुना जाता की जब युवराज सिंह बैटिंग पर आएगा तो टीवी फिर ऑन होगा! युवराज के ताबड़तोड़ बल्लेबाजी सबको पसंद आती! उस समय के टीम इंडिया में युवराज का पॉइंट पर फील्डिंग और कैफ का कवर का फील्डिंग चुस्त दुरुस्त हुआ करता!
कॉमेंटेटर बोलता की गेंद युवराज या कैफ के पास और कोई रन की गुंजाइश नहीं! युवराज और कैफ की जोड़ी फील्डिंग के अलावा बैटिंग में भी हिट थी, जिसमें दोनों ने मिल के कई मैच फिनिश किया! उसके बाद युवराज की जोड़ी जमी धोनी के साथ– जबरदस्त!!
युवराज ने अपने प्रतिभा के दम पर भारतीय क्रिकेट और अपने आप को बहुत सफलता दिलाई! दोनों विश्वकप हो, या नेटवेस्ट ट्रॉफी में इंग्लैंड में कैफ के साथ पार्टनरशिप, या फिर धोनी के साथ हच कप में पाकिस्तान के खिलाफ पार्टनरशिप, रैना के साथ विश्वकप में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मैच जिताऊ पार्टनरशिप, ब्रॉड पर छे छक्के,सबकुछ रोमांचित कर देने वाला है!!
भारतीय क्रिकेट में अभी भी युवराज का स्थान कोई नहीं ले पा रहा है , जिसमें कितने को आजमाइश किया गया! लेकिन इस खब्बू बल्लेबाज का स्थान लेना आसान नहीं!
आगे के जीवन के लिए युवराज सिंह को ढेर सारी शुभकामनाएं…”वाकई मेरे शेर,तुम इससे बेहतर के हकदार थे!”
–प्रभात पांडेय (एक संस्मरण से)
Story by Prabhat Pandey (काशी टेंगराही से)
#BHU #Gopalganj
Nice article written.
Thanks mishraJi–😊💐
बहुत खूब! अच्छा लगा की तुमने इसको यहां जगह दिया
इतनी सुंदर आर्टिकल के लिए धन्यवाद तो आपका बनता है , पांडेयजी। 😍😊💐